कितनी खूबसुरत है तू, कितनी बेमिसाल है।

कितनी खूबसुरत है तू ,कितनी बेमिसाल है।

फूलो जैसे तेरे गाल ,हिरनी जैसी चाल है। वाह क्या चाल है, दिल का बुरा हाल है।

कितनी खूबसुरत है तू………… ।

 

नइनो से तेरे घायल हुआ हु, पास आके तेरे मैं खडा हू।

ए सब तेरा कमाल है। कितनी खूबसुरत है तू कितनी………

 

रुप तेरा है सुनहरा , बदन तेरा है छरहरा।

होठ तेरे लाल है। कितनी खूबसुरत है तू……..।

 

तेरी जवानी में जादु है, किसी के न तू काबू है।

तेरे आगे राजा भी कंगाल है। कितनी खूबसुरत है तू कितनी बेमिसाल है।।।।

 

कानो में तेरे बाली है, गालो पे तेरे शबनम की लाली। रेशम सा बाल है।

कितनी खूबसुरत है तू………।फूलो जैसे तेरे गाल हिरनी जैसे चाल है। वाह क्या चाल है …..

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